सुचना का अधिकार अधिनियम 2005 की धारा 4 को सूचना के अधिकार के MAY 2006 में लागू होने के 120 दिनों के अन्दर समस्त लोक प्राधिकारियों को अपने समस्त अभिलेखों को ऑन लाइन उपलब्ध करना था किन्तु आज तक नहीं कराया गया.अर्थात जो करना जिम्मेदारी थी उसको नहीं किया और सरकार चाहती है की पब्लिक वह सब कुछ करे जो सरकार चाहे,जबकि सरकार जनता की है,जनता के द्वारा है,जनता के लिए है,जनता के पैसे से काम करती है किन्तु जनता को हिसाब नहीं देना चाहती .वह री जनता की सरकार.................. .
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सुचना का अधिकार अधिनियम 2005 की धारा 4 को सूचना के अधिकार के MAY 2006 में लागू होने के 120 दिनों के अन्दर समस्त लोक प्राधिकारियों को अपने समस्त अभिलेखों को ऑन लाइन उपलब्ध करना था किन्तु आज तक नहीं कराया गया.अर्थात जो करना जिम्मेदारी थी उसको नहीं किया और सरकार चाहती है की पब्लिक वह सब कुछ करे जो सरकार चाहे,जबकि सरकार जनता की है,जनता के द्वारा है,जनता के लिए है,जनता के पैसे से काम करती है किन्तु जनता को हिसाब नहीं देना चाहती .वह री जनता की सरकार.................. .
if u support RTI Act plz condemn this rule by sending ur mail at 'usrti-dovt@nic.in
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